बिधूना। दीपावली के मौके पर बाजारों में रौनक और भीड़भाड़ रही। घर आने वाले यात्रियों को परिवहन व्यवस्था की खामियों का सामना करना पड़ा। प्राइवेट बस संचालकों ने दिल्ली सहित बड़े शहरों के लिए किराये में भारी बढ़ोतरी कर दी। आमदिनों में बिधूना से दिल्ली जाने का किराया 300 से 350 तक रहता था लेकिन दीपावली के एक दिन पहले और धनतेरस के दिन यह किराया 800 से 1000 तक पहुंच गया।यात्रियों ने बताया कि बढ़े किराए के बावजूद बसों में मानक से अधिक सवारियां ठूस-ठूस कर भरी जा रही हैं। भीड़ के चलते कई यात्रियों को खड़े होकर सफर करना पड़ा। इससे यात्रा बेहद कठिन और असुविधाजनक हो गई। दिल्ली से बिधूना पहुंचे बेला के गांव बालीदासपुर निवासी अजय कुमार ने बताया कि दीपावली पर कोई सीधी बस नहीं मिली। पहले रोडवेज से बेवर और फिर वहां से बिधूना के लिए दूसरी बस पकड़ी। अब ऑटो से घर जा रहे हैं। एक हजार से ज्यादा रुपये दिल्ली से यहां तक आने में खर्च हो गए हैं। रसूलाबाद निवासी उमेश कुमार ने बताया कि प्राइवेट और सरकारी दोनों बसें यात्रियों से मनमानी कर रही हैं। छिबरामऊ तक रोडवेज बस से आए, वहां से प्राइवेट बस पकड़कर बिधूना पहुंचे। अब रसूलाबाद लौटने के लिए फिर ऑटो पकड़ना पड़ेगा।
यात्रियों ने बताया कि दीपावली पर ऑटो और ई-रिक्शा चालकों ने भी किराए में बढ़ोतरी कर दी है। बेला व अछल्दा दोनों जगह करीब 17 किमी दूरी के लिए आम दिनों में 20 से 30 किराया लिया जाता है। त्योहार पर 40 से 50 रुपये प्रति सवारी वसूला जा रहा।
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अछल्दा के लिए बस न होने से यात्रियों को हुई परेशानी
त्योहार पर अछल्दा जाने वाले यात्रियों को सबसे अधिक दिक्कत झेलनी पड़ी। क्षेत्र में सीधी बस सेवा न होने से लोगों को ऑटो और ई-रिक्शा का सहारा लेना पड़ा। यात्रियों ने प्रशासन से दीपावली त्योहार पर अतिरिक्त बसें चलाने की मांग की। पीटीओ (यात्री कर अधिकारी) आनंद राय कुरील ने बताया कि ज्यादा किराया लेने वाले वाहनों पर कार्रवाई की जाएगी। चेकिंग लगाई गई है।








