चित्रकूट : शूटिंग स्पोर्ट्स प्रतियोगिता का शुभारंभ हुआ। DIG जेल प्रयागराज ने प्रतियोगिता का शुभारंभ किया। SP अरुण कुमार सिंह विशिष्ट अतिथि रहे। 8 जिलों की पुलिस टीमों ने हिस्सा लिया। प्रतियोगिता 13 अगस्त तक पुलिस लाइन में चलेगी।
आजमगढ़ नकल माफिया गिरोह का खुलासा
आजमगढ़ : नकल माफिया गिरोह का खुलासा हुआ है। UPSSSC परीक्षा में नकल की साजिश का मामला सामने आया है। वाराणसी के वीरेन्द्र कुमार राय को अरेस्ट किया गया है। आरोपी को बस अड्डे से पकड़ा गया। उसके पास से मोबाइल बरामद हुआ है। परीक्षा पास कराने के लिए 6 लाख रुपये में डील हुई थी। हियरिंग और ब्लूटूथ डिवाइस दी गई थी। डिवाइस के लिए 15 हजार रुपये एडवांस लिए गए थे। SSP के निर्देशन में पुलिस ने कार्रवाई की है। गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश जारी है।
*छह जिलों में अग्निवीरों की भर्ती 17 से शुरू होगी।*
*छह जिलों में अग्निवीरों की भर्ती 17 से शुरू होगी।*
*लखनऊ -*
प्रदेश के छह जिलों में अग्निवीर भर्तियां शुरू की जाएंगी। इसके लिए भर्ती अभियान मेरठ में 17 अगस्त से शुरू किया जाएगा। इस अभियान के तहत बरेली, लखनऊ, वाराणसी, आगरा और अयोध्या में भर्ती रैलियां होंगी। अभियान 14 अप्रैल को अयोध्या में समाप्त होगा।
मुख्य सचिव एसपी गोयल की अध्यक्षता में सोमवार को प्रदेश में आयोजित होने वाली अग्निवीर भर्ती रैलियों की तैयारियों के संबंध में बैठक की गई। बैठक में संबंधित विभागों एवं जिला प्रशासन द्वारा की जा रही तैयारियों की समीक्षा की गई।
बैठक में बताया गया कि मेरठ में 17 अगस्त से 9 सितंबर 2026, बरेली में 14 सितंबर से 30 सितंबर 2026, लखनऊ में 11 जनवरी से 28 जनवरी 2027, वाराणसी में 2 फरवरी से 27 फरवरी 2027, आगरा में 4 मार्च से 24 मार्च 2027 और अयोध्या में 29 मार्च से 14 अप्रैल 2027 तक अग्निवीर भर्ती रैलियों का आयोजन किया जाएगा।
स्कूली बस ने साइकिल सवार मां-बेटे को मारी जोरदार टक्कर, बच्चे की हालत नाजुक
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स्कूली बस ने साइकिल सवार मां-बेटे को मारी जोरदार टक्कर, बच्चे की हालत नाजुक
अयोध्या।
कोतवाली रुदौली क्षेत्र के बारी गांव में शापेन पब्लिक स्कूल की बस ने साइकिल सवार मां-बेटे को जोरदार टक्कर मार दी। मंगलवार की सुबह हुए इस दर्दनाक हादसे में बच्चे की हालत बेहद नाजुक बताई जा रही है। टक्कर इतनी भीषण थी कि बच्चे की साइकिल बस के अगले हिस्से में जा घुसी। हादसे के बाद मौके पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जुट गई और आक्रोश का माहौल बन गया।सूचना पर रुदौली पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जानकारी जुटाई।हादसे के बाद ग्रामीणों में भारी रोष व्याप्त है। घायल बच्चे को उपचार के लिए अस्पताल भेजे जाने की सूचना है। जहाँ उसकी हालत गंभीर है।
कुश्ती संघ चुनाव में हराया तो रची गई ‘साजिश’, यौन उत्पीड़न केस में बरी होने पर बोले बृजभूषण शरण सिंह
गोंडा: भारतीय कुश्ती महासंघ (डब्ल्यूएफआई) के पूर्व अध्यक्ष और भाजपा के पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने सोमवार को दावा किया कि हरियाणा के तत्कालीन मुख्यमंत्री भूपेंद्र हुड्डा के पुत्र दीपेंद्र हुड्डा को कुश्ती संघ के चुनाव में हराने के बाद उनके खिलाफ “साजिश” रची जाने लगी थी और बाद में इसी परिवार के दबाव में कुछ महिला पहलवान उनके खिलाफ बोलने के लिए तैयार हुईं। दिल्ली की एक अदालत ने पिछले हफ्ते सबूतों की कमी का हवाला देते हुए, डब्ल्यूएफआई के पूर्व प्रमुख सिंह को यौन उत्पीड़न के मामले में बरी कर दिया।
भूपेंद्र हुड्डा की भूमिका पर उठाए सवाल
यह मामला छह महिला पहलवानों ने दर्ज कराया था, जिनमें वर्ल्ड चैंपियनशिप की पदक विजेता विनेश फोगाट भी शामिल थीं। सिंह ने जिला मुख्यालय से करीब 40 किलोमीटर दूर विश्नोहरपुर स्थित अपने आवास पर संवाददाताओं से बातचीत में हरियाणा की महादेव रेसलिंग एकेडमी और हुड्डा परिवार को लेकर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि हरियाणा में कई अखाड़े और कुश्ती अकादमियां हैं, लेकिन महादेव रेसलिंग एकेडमी एक परिवार और एक अखाड़े से जुड़ी है तथा इसे स्थापित करने और मदद करने में भूपेंद्र हुड्डा की भूमिका रही है।
अदालत के फैसले पर जताई खुशी
सिंह ने कहा कि अदालत का ‘एक परिवार, एक अखाड़ा’ संबंधी निष्कर्ष उनके बयान के आधार पर नहीं, बल्कि दो पीड़ित लड़कियों द्वारा न्यायाधीश के कक्ष में दिए गए बयानों के आधार पर आया है। उन्होंने कहा कि अदालत के फैसले से उन्हें खुशी है क्योंकि उनके अनुसार उन्होंने शुरुआत से जो बातें कही थीं, वही न्यायिक रिकॉर्ड में सामने आई हैं। पूर्व सांसद ने पहलवानों की गवाही और अलग-अलग स्तर पर दिए गए बयानों में कथित विरोधाभास का मुद्दा भी उठाया। सिंह ने दावा किया कि निगरानी समिति के समक्ष दिए गए बयान, शपथ पत्र और अदालत में हुई गवाही में अंतर था।
साजिश का आरोप
उन्होंने यह भी दावा किया कि कुछ पहलवान हिसार और रोहतक के थे, लेकिन सभी का पता बजरंग पूनिया के नाम से दिया गया था। सिंह ने दावा किया कि जिन घटनाओं को लेकर उन पर आरोप लगाए गए, उनके बताये गए समय पर वह पहलवानों के साथ मौजूद नहीं थे। उन्होंने दावा किया कि उनके खिलाफ कथित साजिश में करीब 42 लोग शामिल थे और कुछ उद्योगपतियों ने इसमें धन लगाया।
भारतीय और अंतरराष्ट्रीय खेल व्यवस्था को नुकसान पहुंचा
पूर्व सांसद ने आरोप लगाया कि मीडिया में लगातार बहस कर उन्हें बलात्कार के आरोपी के रूप में पेश किया गया। सिंह ने कहा कि उन्होंने जूनियर पहलवानों के हित में कुछ नियमों में बदलाव किये थे, जिनमें राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भागीदारी, चिकित्सकीय कारणों से छूट, प्रशिक्षण शिविर में रहना और बड़े टूर्नामेंटों के दौरान ट्रायल जैसी व्यवस्थाएं शामिल थीं। उन्होंने कहा कि कुछ पहलवान चाहते थे कि उन्हें जिला, राज्य और राष्ट्रीय स्तर की प्रक्रिया से गुजरे बिना सीधे बड़े मुकाबलों में भेजा जाए और नियमों में बदलाव के विरोध के बाद मामले ने राजनीतिक रंग ले लिया। सिंह ने आरोप लगाया कि पहलवानों का आंदोलन बाद में कांग्रेस, आम आदमी पार्टी और अन्य राजनीतिक दलों का ‘खिलौना’ बन गया। उन्होंने कहा कि इस विवाद से भारतीय और अंतरराष्ट्रीय खेल व्यवस्था को नुकसान पहुंचा तथा महिला खिलाड़ियों और उनके परिवारों पर भी इसका असर पड़ा।
आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस और समाजवादी पार्टी की संभावनाओं पर पूछे गए सवाल पर सिंह ने कहा कि उत्तर प्रदेश में कांग्रेस की अपनी कोई बड़ी राजनीतिक ताकत नहीं है और वह समाजवादी पार्टी के सहारे चुनाव लड़ सकती है। उन्होंने कहा कि गठबंधन होने पर कांग्रेस को कुछ सीटें मिल सकती हैं, लेकिन वह इसकी भविष्यवाणी नहीं कर रहे हैं।
स्वतंत्रता दिवस से पहले पंजाब में सुरक्षा कड़ी, DGP ने तैयारियों का लिया जायजा
अमृतसर (रमन): स्वतंत्रता दिवस के मद्देनजर पंजाब पुलिस ने अमृतसर सहित सीमावर्ती जिलों में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी है। पंजाब के डीजीपी ने अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस और बॉर्डर रेंज की सुरक्षा तैयारियों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को पूरी तरह सतर्क रहने के निर्देश दिए।
समीक्षा के दौरान संवेदनशील सीमावर्ती इलाकों, प्रमुख सार्वजनिक स्थलों, भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों, बड़े शहरी इलाकों और महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों की सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया गया। अधिकारियों को स्वतंत्रता दिवस के दौरान किसी भी संभावित चुनौती से निपटने के लिए सुरक्षा प्रबंधों को और मजबूत करने के निर्देश दिए गए। डीजीपी ने सभी सुरक्षा इकाइयों को पेट्रोलिंग और निगरानी बढ़ाने, संवेदनशील स्थानों पर विशेष सतर्कता बरतने और निवारक कार्रवाई तेज करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही सार्वजनिक स्थानों पर प्रभावी भीड़ प्रबंधन और किसी भी आपात स्थिति में पुलिस की ओर से त्वरित एवं समन्वित कार्रवाई सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।
उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता दिवस के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था में किसी भी तरह की लापरवाही की गुंजाइश नहीं है। पुलिस अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में सुरक्षा चुनौतियों का लगातार आकलन करने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना मिलने पर तुरंत कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। बैठक में अमृतसर कमिश्नरेट और बॉर्डर रेंज के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भी मौजूद रहे। अधिकारियों ने अपने-अपने क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था, गश्त, निगरानी और अन्य सुरक्षा उपायों को लेकर डीजीपी को जानकारी दी। पंजाब पुलिस की ओर से कहा गया कि राज्य में शांति, सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखना सर्वोच्च प्राथमिकता है। स्वतंत्रता दिवस के कार्यक्रमों को देखते हुए संवेदनशील इलाकों के साथ-साथ प्रमुख सार्वजनिक स्थलों पर भी सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है।

