20 फरवरी की सुबह चाढ़े चार बजे वारदात के समय मानवेंद्र के भाई अरविंद की पत्नी दूसरे तल पर मौजूद थीं। उनके साथ बच्चे भी सो रहे थे। अक्षत ने पिता की गोली मारकर हत्या कर दी, लेकिन इसकी आवाज परिजनों ने नहीं सुनी। अरविंद का कहना है कि परिवार सो रहा था, जिसकी वजह से उन लोगों को सुनाई नहीं दिया।मानवेंद्र के परिजनाें के इस बयान से रहस्य गहरा गया है। सवाल ये है कि आखिर परिजन क्या छिपा रहे हैं। बताया जा रहा है कि मानवेंद्र बेटे और बेटी के साथ एक ही बिस्तर पर साेते थे। घटना के वक्त बिस्तर पर उनकी बेटी कृति भी मौजूद थी। कृति के सामने ही अक्षत ने वारदात को अंजाम दिया। कृति तब से सदमे में है। पुलिस कृति को सरकारी गवाह बनाने की तैयारी कर रही है। मंगलवार को कृति से पूछताछ की गई। कृति ने बताया कि मां की मौत के बाद से भाई और पिता का ही सहारा था। पिता की हत्या के बाद भाई भी जेल चला जाएगा।
यूपी: चार बजे गोली चली लेकिन किसी ने नहीं सुनी, आखिर बेटे अक्षत ने क्यों बनाया था वाट्सएप ग्रुप, ‘पापा लौट आओ’


