अयोध्या। राम मंदिर के चढ़ावा चोरी मामले में आरोपित पूर्व बैंककर्मी सुभाषचंद्र श्रीवास्तव के पेंशन खाते में लेनदेन के सत्यापन की स्थिति को विवेचक सीओ आशुतोष तिवारी मंगलवार को भी स्पष्ट नहीं कर सके।
न्यायालय में अर्जी देकर उन्होंने कहा कि आरोपित सुभाष ने बैंक खातों से 16 अक्टूबर 2025 को 30 हजार रुपये कैश जमा किया था, जो संदिग्ध पाया गया है। उक्त धनराशि एवं आरोपित के अन्य बैंक खातों के संबंध में विवेचना प्रचलित है और जांचोपरांत न्यायालय को अवगत कराया जाएगा।
प्रकरण में विवेचक ने पहले ही मौका मांगते हुए श्रावण मेले में व्यस्तता का हवाला दिया था। इस पर न्यायालय ने उन्हें अंतिम मौका प्रदान करते हुए पत्रावली मंगलवार को नियत की थी।
कोर्ट ने 13 अगस्त को पूरी रिपोर्ट मांगी थी
बीती 11 अगस्त को विवेचक ने सुभाष श्रीवास्तव के पेंशन खाते में संदिग्ध बताए जा रहे पांच-पांच लाख रुपये के लेनदेन के विषय में अपनी आख्या दी थी, लेकिन पहले तो एक लाख रुपये की प्रविष्टि का सत्यापन जारी होने की बात कही, मंगलवार को उन्होंने 30 हजार रुपये की प्रविष्टि को संदिग्ध करार देते हुए जांच जारी होने की बात कह दी।
हालांकि न्यायालय ने विवेचक को 13 अगस्त को तलब कर पूरी रिपोर्ट भी मांगी थी। इस बीच दोनों पक्षों को अपने-अपने पक्ष में विधि व्यवस्थाओं को प्रस्तुत करने का भी अवसर दिया गया है।


