बुलंदशहर, 42 वर्षीय व्यक्ति का शव मिलने से हड़कंप, सलेमपुर थाना क्षेत्र में खेत में मिला शव, सदरपुर निवासी नरेश कल से था लापता, सिर पर वार कर हत्या करने की आशंका
गोंडा: भारतीय कुश्ती महासंघ (डब्ल्यूएफआई) के पूर्व अध्यक्ष और भाजपा के पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने सोमवार को दावा किया कि हरियाणा के तत्कालीन मुख्यमंत्री भूपेंद्र हुड्डा के पुत्र दीपेंद्र हुड्डा को कुश्ती संघ के चुनाव में हराने के बाद उनके खिलाफ “साजिश” रची जाने लगी थी और बाद में इसी परिवार के दबाव में कुछ महिला पहलवान उनके खिलाफ बोलने के लिए तैयार हुईं। दिल्ली की एक अदालत ने पिछले हफ्ते सबूतों की कमी का हवाला देते हुए, डब्ल्यूएफआई के पूर्व प्रमुख सिंह को यौन उत्पीड़न के मामले में बरी कर दिया।
भूपेंद्र हुड्डा की भूमिका पर उठाए सवाल
यह मामला छह महिला पहलवानों ने दर्ज कराया था, जिनमें वर्ल्ड चैंपियनशिप की पदक विजेता विनेश फोगाट भी शामिल थीं। सिंह ने जिला मुख्यालय से करीब 40 किलोमीटर दूर विश्नोहरपुर स्थित अपने आवास पर संवाददाताओं से बातचीत में हरियाणा की महादेव रेसलिंग एकेडमी और हुड्डा परिवार को लेकर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि हरियाणा में कई अखाड़े और कुश्ती अकादमियां हैं, लेकिन महादेव रेसलिंग एकेडमी एक परिवार और एक अखाड़े से जुड़ी है तथा इसे स्थापित करने और मदद करने में भूपेंद्र हुड्डा की भूमिका रही है।
अदालत के फैसले पर जताई खुशी
सिंह ने कहा कि अदालत का ‘एक परिवार, एक अखाड़ा’ संबंधी निष्कर्ष उनके बयान के आधार पर नहीं, बल्कि दो पीड़ित लड़कियों द्वारा न्यायाधीश के कक्ष में दिए गए बयानों के आधार पर आया है। उन्होंने कहा कि अदालत के फैसले से उन्हें खुशी है क्योंकि उनके अनुसार उन्होंने शुरुआत से जो बातें कही थीं, वही न्यायिक रिकॉर्ड में सामने आई हैं। पूर्व सांसद ने पहलवानों की गवाही और अलग-अलग स्तर पर दिए गए बयानों में कथित विरोधाभास का मुद्दा भी उठाया। सिंह ने दावा किया कि निगरानी समिति के समक्ष दिए गए बयान, शपथ पत्र और अदालत में हुई गवाही में अंतर था।
साजिश का आरोप
उन्होंने यह भी दावा किया कि कुछ पहलवान हिसार और रोहतक के थे, लेकिन सभी का पता बजरंग पूनिया के नाम से दिया गया था। सिंह ने दावा किया कि जिन घटनाओं को लेकर उन पर आरोप लगाए गए, उनके बताये गए समय पर वह पहलवानों के साथ मौजूद नहीं थे। उन्होंने दावा किया कि उनके खिलाफ कथित साजिश में करीब 42 लोग शामिल थे और कुछ उद्योगपतियों ने इसमें धन लगाया।
भारतीय और अंतरराष्ट्रीय खेल व्यवस्था को नुकसान पहुंचा
पूर्व सांसद ने आरोप लगाया कि मीडिया में लगातार बहस कर उन्हें बलात्कार के आरोपी के रूप में पेश किया गया। सिंह ने कहा कि उन्होंने जूनियर पहलवानों के हित में कुछ नियमों में बदलाव किये थे, जिनमें राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भागीदारी, चिकित्सकीय कारणों से छूट, प्रशिक्षण शिविर में रहना और बड़े टूर्नामेंटों के दौरान ट्रायल जैसी व्यवस्थाएं शामिल थीं। उन्होंने कहा कि कुछ पहलवान चाहते थे कि उन्हें जिला, राज्य और राष्ट्रीय स्तर की प्रक्रिया से गुजरे बिना सीधे बड़े मुकाबलों में भेजा जाए और नियमों में बदलाव के विरोध के बाद मामले ने राजनीतिक रंग ले लिया। सिंह ने आरोप लगाया कि पहलवानों का आंदोलन बाद में कांग्रेस, आम आदमी पार्टी और अन्य राजनीतिक दलों का ‘खिलौना’ बन गया। उन्होंने कहा कि इस विवाद से भारतीय और अंतरराष्ट्रीय खेल व्यवस्था को नुकसान पहुंचा तथा महिला खिलाड़ियों और उनके परिवारों पर भी इसका असर पड़ा।
आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस और समाजवादी पार्टी की संभावनाओं पर पूछे गए सवाल पर सिंह ने कहा कि उत्तर प्रदेश में कांग्रेस की अपनी कोई बड़ी राजनीतिक ताकत नहीं है और वह समाजवादी पार्टी के सहारे चुनाव लड़ सकती है। उन्होंने कहा कि गठबंधन होने पर कांग्रेस को कुछ सीटें मिल सकती हैं, लेकिन वह इसकी भविष्यवाणी नहीं कर रहे हैं।
अमृतसर (रमन): स्वतंत्रता दिवस के मद्देनजर पंजाब पुलिस ने अमृतसर सहित सीमावर्ती जिलों में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी है। पंजाब के डीजीपी ने अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस और बॉर्डर रेंज की सुरक्षा तैयारियों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को पूरी तरह सतर्क रहने के निर्देश दिए।
समीक्षा के दौरान संवेदनशील सीमावर्ती इलाकों, प्रमुख सार्वजनिक स्थलों, भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों, बड़े शहरी इलाकों और महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों की सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया गया। अधिकारियों को स्वतंत्रता दिवस के दौरान किसी भी संभावित चुनौती से निपटने के लिए सुरक्षा प्रबंधों को और मजबूत करने के निर्देश दिए गए। डीजीपी ने सभी सुरक्षा इकाइयों को पेट्रोलिंग और निगरानी बढ़ाने, संवेदनशील स्थानों पर विशेष सतर्कता बरतने और निवारक कार्रवाई तेज करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही सार्वजनिक स्थानों पर प्रभावी भीड़ प्रबंधन और किसी भी आपात स्थिति में पुलिस की ओर से त्वरित एवं समन्वित कार्रवाई सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।
उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता दिवस के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था में किसी भी तरह की लापरवाही की गुंजाइश नहीं है। पुलिस अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में सुरक्षा चुनौतियों का लगातार आकलन करने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना मिलने पर तुरंत कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। बैठक में अमृतसर कमिश्नरेट और बॉर्डर रेंज के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भी मौजूद रहे। अधिकारियों ने अपने-अपने क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था, गश्त, निगरानी और अन्य सुरक्षा उपायों को लेकर डीजीपी को जानकारी दी। पंजाब पुलिस की ओर से कहा गया कि राज्य में शांति, सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखना सर्वोच्च प्राथमिकता है। स्वतंत्रता दिवस के कार्यक्रमों को देखते हुए संवेदनशील इलाकों के साथ-साथ प्रमुख सार्वजनिक स्थलों पर भी सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है।
Rent A Boyfriend Cyber Scam : क्या आपके सोशल मीडिया पर ‘क्या आप अकेलेपन से परेशान हैं?’ या ‘50% डिस्काउंट पर हैंडसम बॉयफ्रेंड रेंट पर लें’ जैसे रंग-बिरंगे विज्ञापन दिखाई दे रहे हैं? अगर हां, तो बेहद सावधान रहने की जरूरत है। साइबर अपराधियों ने अब ‘रेंट ए बॉयफ्रेंड’ के नाम से एक नया ऑनलाइन फ्रॉड शुरू किया है जिसके जरिए मुख्य रूप से युवतियों और महिलाओं को निशाना बनाया जा रहा है।
इस मौके पर हैदराबाद सिटी पुलिस कमिश्नर वी.सी. सज्जनार ने इस नए साइबर ट्रेंड को लेकर लड़कियों और उनके अभिभावकों को सतर्क रहने की कड़ी चेतावनी जारी की है। स्कैमर्स सोशल मीडिया पर ‘1st August Special – 50% OFF’ या ‘Rent Boyfriend – Your Personal Companion’ जैसे फर्जी पोस्टर्स के जरिए विज्ञापनों को प्रमोट कर रहे हैं। इनमें AI से बनाई गई या इंटरनेट से चुराई गई सुंदर लड़कों की तस्वीरें लगाई जाती हैं। लोगों को लुभाने के लिए स्कैमर्स एक फर्जी रेट लिस्ट पेश करते हैं:
मूवी डेट पार्टनर: 1,249
शॉपिंग पार्टनर: 1,499
इवेंट/शादी में जाने के लिए साथी: 1,999
10 घंटे का फुल डे पैकेज: 4,499
विज्ञापन में यह दावा किया जाता है कि यह सेवा पूरी तरह से गोपनीय और सुरक्षित है तथा इसमें कोई गैर-कानूनी काम नहीं होता। बुकिंग के लिए पीड़ितों को सीधे मैसेज (DM) करने को कहा जाता है। जिसके बाद मीठी-मीठी बातों से भरोसा जीतना जैसे मैसेज करने पर साइबर अपराधी एआई जनरेटेड प्रोफाइलों के जरिए मीठी बातें करके भरोसा कायम करते हैं।
इसके बाद बुकिंग कन्फर्म करने, सिक्योरिटी डिपॉजिट और एडवांस पेमेंट के नाम पर क्यूआर कोड (QR Code) या डिजिटल वॉलेट से पैसे मंगाते हैं। एक बार पैसा ट्रांसफर हो जाने के बाद, वे पीड़ित का अकाउंट ब्लॉक कर देते हैं। कई मामलों में बातचीत के दौरान ली गई निजी तस्वीरों या फोन नंबरों के जरिए ब्लैकमेल करने की कोशिश भी की जाती है।
हैदराबाद साइबर क्राइम डिपार्टमेंट के अनुसार इस मामले में लड़कियों के साथ-साथ उनके माता-पिता को भी सतर्क रहने की आवश्यकता है। बच्चे सोशल मीडिया पर किस प्रकार की सामग्री देख रहे हैं, इसकी सही जानकारी रखें। बच्चे किससे बात कर रहे हैं और बाहर किससे मिल रहे हैं, इस पर निरंतर निगरानी रखें। बिना सही निगरानी के स्मार्टफोन के इस्तेमाल से मासूम बच्चे इन साइबर अपराधियों के चंगुल में फंस सकते हैं।
वहीं किसी भी अनजान व्यक्ति या विज्ञापन पर भरोसा करके ऑनलाइन पैसे ट्रांसफर न करें। चैट के दौरान अपनी निजी फोटो या संवेदनशील जानकारी देने से बचें। यदि आप ऐसे किसी स्कैम का शिकार होते हैं या संदिग्ध पोस्ट देखते हैं तो तुरंत साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करें या आधिकारिक वेबसाइट cybercrime.gov.in पर अपनी शिकायत दर्ज कराएं।
नई दिल्ली: दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) ने ट्रेनों की समयबद्धता और भरोसेमंद संचालन के मामले में एक नया रिकॉर्ड कायम किया है। DMRC के मुताबिक, वर्ष 2026 में दिल्ली मेट्रो की ट्रेनों की पंक्चुअलिटी 99.95 प्रतिशत रही। यह प्रदर्शन हांगकांग, पेरिस और न्यूयॉर्क जैसे प्रमुख अंतरराष्ट्रीय मेट्रो सिस्टम के मुकाबले भी बेहतर बताया गया है।
59 सेकंड से ज्यादा की देरी को माना जाता है लेट
दिल्ली मेट्रो में समय की पाबंदी का मानक काफी सख्त है। DMRC के नियमों के अनुसार, अगर कोई ट्रेन अपने निर्धारित समय से 59 सेकंड से अधिक देरी से गंतव्य स्टेशन पहुंचती है, तो उसे देरी से चलने वाली ट्रेन माना जाता है। इस कड़े मानक के बावजूद मेट्रो की पंक्चुअलिटी लगातार बेहतर हुई है। आंकड़ों के मुताबिक, वर्ष 2003 में पंक्चुअलिटी 98.27 प्रतिशत थी, जो 2005 में बढ़कर 99.64 प्रतिशत हो गई। इसके बाद भी DMRC ने लगभग 99.9 प्रतिशत के स्तर को बनाए रखा और अब 2026 में यह आंकड़ा 99.95 प्रतिशत तक पहुंच गया है।
बढ़ते नेटवर्क के बावजूद बेहतर संचालन
दिल्ली मेट्रो के नेटवर्क और यात्रियों की संख्या में लगातार बढ़ोतरी हुई है। आम तौर पर नेटवर्क के विस्तार और ट्रेनों की संख्या बढ़ने के साथ रखरखाव और संचालन की चुनौतियां भी बढ़ती हैं। इसके बावजूद DMRC ने समयबद्धता और सेवा की गुणवत्ता को बनाए रखा है। मेट्रो की फ्रीक्वेंसी में भी काफी सुधार हुआ है। शुरुआती दौर में दो ट्रेनों के बीच लगभग 7 मिनट का अंतर रहता था। अब सबसे व्यस्त कॉरिडोर पर यह अंतर घटकर करीब 2 मिनट 18 सेकंड रह गया है। इससे यात्रियों को कम इंतजार करना पड़ता है।
2.72 मिलियन कार-किलोमीटर का MDBF
दिल्ली मेट्रो ने भरोसेमंद संचालन के मामले में भी बेहतर प्रदर्शन किया है। इसका Mean Distance Between Failures (MDBF) 2.72 मिलियन कार-किलोमीटर दर्ज किया गया है। यह पैमाना बताता है कि सेवा को प्रभावित करने वाली किसी खराबी से पहले ट्रेन औसतन कितनी दूरी तय करती है। ‘Community of Metros’ (COMET) की अंतरराष्ट्रीय बेंचमार्किंग में भी दिल्ली मेट्रो को दो मिनट की देरी के मानक के आधार पर लगातार दुनिया के टॉप पांच सबसे भरोसेमंद मेट्रो सिस्टम में जगह मिली है।
पटना: बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सोमवार को ‘पेंशन दिवस’ के अवसर पर राज्य के 1.33 करोड़ सामाजिक सुरक्षा पेंशनधारकों के बैंक खातों में प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) के माध्यम से प्रति व्यक्ति 1,100 रुपए की दर से कुल 1,157.72 करोड़ रुपए की राशि हस्तांतरित की। मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से जारी बयान के अनुसार, मुख्यमंत्री ने लोक सेवक आवास स्थित ‘संकल्प’ सभागार में आयोजित कार्यक्रम के दौरान यह राशि हस्तांतरित की। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित कार्यक्रम में सामाजिक सुरक्षा पेंशनधारक, सभी जिलों के जिलाधिकारी और अन्य गणमान्य लोग भी जुड़े। चौधरी ने अपने संबोधन में कहा कि राज्य के 1.33 करोड़ सामाजिक सुरक्षा पेंशनधारकों के बैंक खातों में 1,157.72 करोड़ रुपए की राशि डीबीटी के माध्यम से हस्तांतरित की गई है। उन्होंने कहा कि ‘पेंशन दिवस’ के अवसर पर वह सभी सामाजिक सुरक्षा पेंशनधारकों को बधाई और शुभकामनाएं देते हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में सामाजिक सुरक्षा पेंशनधारकों के लिए पेंशन की राशि 400 रुपए से बढ़ाकर 1,100 रुपए की गई है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने यह सुनिश्चित किया है कि सभी सामाजिक सुरक्षा पेंशनधारकों के खातों में प्रत्येक महीने की 10 तारीख को पेंशन की राशि हस्तांतरित कर दी जाए। उन्होंने इसे पारदर्शी, जवाबदेह और तकनीक आधारित जनकल्याणकारी व्यवस्था का प्रमाण बताया। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार गरीब, बुजुर्ग, दिव्यांग और समाज के वंचित वर्गों के सम्मान एवं सामाजिक सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देती है। मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारियों को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया कि सामाजिक सुरक्षा पेंशन के किसी भी पात्र लाभार्थी को योजना के लाभ से वंचित न रहना पड़े। उन्होंने कहा कि पेंशन का वितरण समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से होता रहे, ताकि प्रत्येक पात्र नागरिक को सम्मानपूर्वक सामाजिक सुरक्षा का लाभ मिल सके।
नई दिल्ली : दक्षिण दिल्ली पुलिस ने ग्रेटर कैलाश के एक मंदिर से सांप की चांदी की मूर्ति चोरी करने के आरोप में दो लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के एक अधिकारी ने सोमवार को यह जानकारी दी। पुलिस ने बताया कि आरोपियों में कथित रूप से चोरी की चांदी खरीदने वाला जौहरी भी शामिल है जिसके पास से 800 ग्राम पिघली हुई चांदी बरामद हुई।
पुलिस के अनुसार यह चांदी चोरी हुई मंदिर की मूर्ति की थी। पुलिस ने बताया कि मोहित शर्मा (40) ने ग्रेटर कैलाश-1 में सनातन धर्म सत्संग सभा मंदिर से एक सांप की मूर्ति कथित तौर पर चुरा ली और इसकी चांदी को पिघला कर एक जौहरी को बेच दिया। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि जौहरी भरत गांधी (35) को चोरी का माल खरीदने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है।
अधिकारी के मुताबिक, कथित तौर पर बिक्री से प्राप्त 1.10 लाख रुपये नकद और अपराध में इस्तेमाल की गई एक कार भी बरामद कर ली गयी है। पुलिस ने बताया कि चोरी के बाद छह अगस्त को ग्रेटर कैलाश-1 थाने में ई-प्राथमिकी दर्ज की गई थी। अधिकारी ने कहा कि जांच के दौरान, मंदिर और आसपास के इलाकों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज का विश्लेषण किया गया और शर्मा की पहचान की गई तथा उसे पकड़ लिया गया।
पूछताछ के दौरान, शर्मा ने कथित तौर पर खुलासा किया कि उसने मूर्ति को पिघलाया था और करोल बाग में एक जौहरी को बेच दिया था। टीम ने बाद में भरत गांधी का पता लगाया और उसके पास से लगभग 800 ग्राम पिघली हुई चांदी बरामद की।
महाराष्ट्र : महाराष्ट्र के गढ़चिरौली जिले में एक आवासीय स्कूल में जहरीले सांप के डसने से तीन आदिवासी छात्राओं की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य का इलाज जारी है। घटना के बाद जिला प्रशासन ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी। जिला प्रशासन के एक अधिकारी ने बताया कि यह घटना रविवार आधी रात के करीब धनौरा तहसील मुख्यालय से लगभग 10 किलोमीटर दूर जापतलाई गांव स्थित सहायता प्राप्त आदिवासी आवासीय स्कूल के छात्रावास में हुई। उन्होंने बताया कि स्कूल के छात्रावास में फर्श पर सो रही नाबालिग छात्राओं को जहरीले सांप ने डस लिया। इनमें से आठ, 12 और 14 साल की तीन छात्राओं की मौत हो गई। वहीं, 11 से 14 साल की तीन अन्य छात्राओं का सांप के डसने के बाद इलाज चल रहा है।
जिलाधिकारी अविष्यंत पांडा ने कहा कि घटना की विस्तृत जांच कराई जाएगी, ताकि यह पता लगाया जा सके कि हादसा किस तरह हुआ, क्या छात्राओं के रहने की जगह पर पर्याप्त सुरक्षा उपाय किए गए थे और क्या स्कूल प्रबंधन ने जरूरी सुरक्षा नियमों एवं सावधानियों का पालन किया था। उन्होंने एक बयान में घटना पर दुख व्यक्त करते हुए कहा कि स्कूल में सुरक्षा व्यवस्था की गहन जांच की जाएगी। उन्होंने कहा कि तीन छात्राओं का इलाज चल रहा है। उन्हें तुरंत सांप के जहर से बचाव वाली दवाएं दी गईं और चिकित्सा दल उनकी स्थिति पर करीबी नजर रख रहे हैं। जिलाधिकारी ने जिला सर्जन को निर्देश दिया कि इलाज में किसी भी तरह की कमी न रहे और छात्राओं को विशेष देखभाल उपलब्ध कराई जाए।