Etawah News: भरथना कस्बे में कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर आयोजित पारंपरिक दंगल में औरैया के राधे और नगला हीरे के रजत के बीच जोरदार मुकाबला हुआ। इसमें रजत ने बाजी मारकर जीत हासिल की और दंगल प्रेमियों ने जमकर पहलवानों का उत्साह बढ़ाया।इटावा जिले में भरथना कस्बे में बाहरपुर-लहरोई गांव के पास स्थित नहर पुल किनारे कार्तिक पूर्णिमा के उपलक्ष्य में आयोजित प्राचीन मेले में इस वर्ष भी पारंपरिक दंगल का रोमांच चरम पर रहा। गुरुवार शाम से शुरू हुई कुश्तियों में सबसे ज्यादा चर्चा आठवीं कुश्ती की रही। इसमें औरैया के अछल्दा के पहलवान राधे और पहलवान नगला हीरे के रजत के बीच मुकाबला हुआ। दोनों पहलवानों ने शानदार दांव-पेंच दिखाए। आखिर में नगला हीरे के पहलवान रजत ने बाजी मारते हुए जीत हासिल की।आठवीं कुश्ती से पहले भी कई रोमांचक मुकाबले हुए। इसमें पहली कुश्ती बाबू सिंह नगला चिंता और जीतू मैनपुरी के बीच बराबरी पर रही। दूसरी कुश्ती कुनाल नगला चिंता और भोला पत्तपुरा के बीच भी बराबरी की टक्कर रही। तीसरी कुश्ती में दीपांशु रामनगर ने चखरा नगला हीरामन को हराया। राजा सैफई, सूरज रामनगर, हंसे बगिया, इटावा और प्रांशु रामनगर आदि पहलवानों ने भी दांव-पेंचों का शानदार प्रदर्शन किया। खलीफा की जिम्मेदारी सुखवीर सिंह खितौरा और साधौ सिंह पाली ने निभाई।तालियां बजाकर पहलवानों की हौसला अफजाई की
उन्होंने पूरे दंगल को अनुशासित और नियमानुसार संपन्न कराया। दंगल मेले में आसपास के गांवों के लोगों ने बड़ी संख्या में पहुंचकर पारंपरिक खेल का भरपूर आनंद लिया। मैदान में कई दंगल प्रेमियों की भीड़ एकत्र रही। दंगल प्रेमी बार-बार तालियां बजाकर पहलवानों की हौसला अफजाई करते रहे। आयोजन समिति ने विजयी पहलवानों को नगद धनराशि देकर जीत की बधाई देते हुए पुरस्कृत किया। पूर्व प्रधान कोमल सिंह, सुभाष, सरनाम, होतीलाल, शीलू यादव, कमलेश, आधार, राजेश, लाल, नरेंद्र, अनुराग, सुरेश चंद्र आदि मौजूद रहे


