पड़ोसी मुल्क बांग्लादेश की राजधानी ढाका समेत कई हिस्सों में शनिवार (20 दिसंबर) को भी विरोध-प्रदर्शनों का सिलसिला जारी रहा। इस दौरान भारत विरोधी बयानबाजी देखने को मिली। बांग्लादेश में जारी अस्थिर हालात के मद्देनजर भारत में भी सतर्कता बढ़ा दी गई है। पश्चिम बंगाल के भारत-बांग्लादेश सीमावर्ती जिलों में पुलिस, बीएसएफ और अन्य सुरक्षा एजेंसियों को अलर्ट पर रखा गया है। सीमाओं पर कड़ी निगरानी के साथ गश्त बढ़ा दी गई है।इस बीच, त्रिपुरा के मुख्यमंत्री प्रो. डॉ. माणिक साहा ने बांग्लादेश की मौजूदा स्थिति पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि भारत हर तरह की चुनौती से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है।
सीमावर्ती जिलों में सुरक्षा मुस्तैद
बांग्लादेश के हालातों को देखते हुए बंगाल में भारत-बांग्लादेश सीमा के साथ लगते जिलों में बीएसएफ, पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां अतिरिक्त सतर्कता बरत रही हैं। सूत्रों के मुताबिक बीएसएफ उन क्षत्रों पर विशेष ध्यान रख रही है, जहां पर अभी तारबंदी नहीं हो पाई है या फिर जंगल और नदी का क्षेत्र है। इसके साथ ही उन जिलों के पुलिस को भी अलर्ट कर दिया गया है, जिनकी सीमा बांग्लादेश के साथ लगती हैं।
कोलकाता में सुरक्षा व्यवस्था की गई कड़ी
इधर, कोलकाता में भी पुलिस हाई अलर्ट पर है। क्रिसमस और नववर्ष के मद्देनजर शहर के संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था की गई है। होटल, रेस्टोरेंट, गेस्ट हाउस और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर पुलिस की तैनाती बढ़ा दी गई है। पुलिस आयुक्त मनोज वर्मा ने बताया कि पार्क स्ट्रीट समेत प्रमुख सड़कों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है। दिन के साथ-साथ रात की गश्त भी तेज कर दी गई है ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।


