ककोर। मेडिकल कॉलेज प्रशासन की ओर से स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर कई इंतजाम किए जा रहे हैं। बावजूद इसके व्यवस्थाएं अक्सर बेपटरी नजर आती है।मेडिकल कॉलेज के महिला अस्पताल की ओपीडी में संचालित परिवार नियोजन कमरे में प्रेग्नेंसी जांच किटें पिछले 15 दिनों से नहीं हैं। ऐसे में अस्पताल पहुंच रही महिलाओं को बाहर से किटें खरीदनी पड़ रही हैं।
मेडिकल कॉलेज के स्त्री रोग विभाग में कई जांचें होती हैं। इस ओपीडी में रोजाना करीब 70- 80 महिलाएं पहुंचती हैं। इनमें 20-25 महिलाएं गर्भ के मामलों को लेकर पहुंचती हैं। इन महिलाओं के लिए प्रेग्नेंसी जांच किट बेहद जरूरी होती है लेकिन अस्पताल में किट न होने से मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
महिलाआें का कहना है कि बाहर मेडिकल स्टोरों पर मिलने वाली प्रेग्नेंसी जांच किट की कीमत करीब 40 से 50 रुपये तक होती है। ऐसे में जांच कराने आने वाली गरीब महिलाआें पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ बढ़ता जा रहा है। सरकारी अस्पताल में मुफ्त जांच और सुविधाओं के दावे यहां पर खोखले नजर आ रहे हैं। मरीजों को अपनी जेब ढीली करनी पड़ रही है।


