कानपुर में बेकनगंज थाना क्षेत्र के तलाक महल में शनिवार सुबह मिठाई और बिरयानी की तीन दुकानों में भीषण आग लग गई। एक दुकान मो. शमीम और दूसरी जाहिद की बताई जा रही है। घनी आबादी में तीन दुकानों में भीषण आग लगने से अफरातफरी मच गई।
गोमती को मिलेगा पुनर्जीवन: पीलीभीत में 56.88 करोड़ से संवरेगा उद्गम स्थल, जल शक्ति मंत्रालय ने दी मंजूरी
पीलीभीत के माधोटांडा में उद्गम स्थल पर ही दम तोड़ती गोमती नदी को पुनर्जीवन मिलेगा है। उद्गम स्थल के संरक्षण, संवारने और पुनर्जीवन पर 56.88 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। केंद्रीय जल शक्ति मंत्रालय ने इसकी मंजूरी दे दी है। उद्गम स्थल पर कराए जाने वाले कार्यों के मॉडल फोटो भी जारी किए गए हैं।
श्रद्धालुओं की मांग पर केंद्रीय राज्यमंत्री जितिन प्रसाद ने सक्रियता से प्रयास किया। केंद्रीय टीम की जांच के बाद कार्ययोजना बनी। अब केंद्रीय जल शक्ति मंत्रालय ने गोमती के संरक्षण के लिए 56.88 करोड़ रुपये की मंजूरी दी है। इसके अलावा लोक निर्माण विभाग भी सड़कों का निर्माण और अन्य कार्य कराएगा। इसकी कार्ययोजना भी जल्द ही बनाई जाएगी।
Banaras Lit Fest: मनोज तिवारी बोले- देश सुरक्षित हाथ में, बनारस के सांसद पर भरोसा रखें, बबवा गरदा उड़वले बा
बनारस लिट फेस्ट में प्रस्तुतियों के बीच सांसद व भोजपुरी गायक मनोज तिवारी ने राजनीतिक बातें भी कीं। कहा कि राजनीति की बातों को बहुत दिल पर न लिया करो। देश सुरक्षित हाथों में है। बनारस के सांसद जी पर भरोसा रखें। बबवा गरदा उड़वले बा…। इस दौरान मनोज तिवारी ने पंचायत काके सबसे प्रसिद्ध गीत हिंद के सितारा गाकर उसकी कहानी भी सुनाई। कहा कि हिंद के सितारा किसने लिखा पता नहीं लेकिन मैंने इसे अपनी मां के मुंह से सुना था। हां, ये जरूर है कि इसे मैंने नया साउंड देने की कोशिश की। ये लोकगीत 9 दिनों तक इंटरनेशनल ट्रेंड कर रहा था।पहले तो पंचायत सीरीज के लोग कुछ और गाना लेकर आए थे, लेकिन मैंने उन्हें मना कर दिया और कहा कि आप किसी और से गवा लो। लेकिन वो नहीं माने तो मैंने ये गाना भिजवाया। इसमें असम के एक लड़के ने मदद की। मनोज तिवारी ने कहा कि आप अपनी जड़ों से जुड़कर संगीत को आगे बढ़ाएं। इस दौरान मनोज तिवारी ने कहा कि काशी में रहने वाला भी इस शहर को नहीं जानता। बहुत बतियाना और बहुत रिसर्च करना होगा। लेकिन इतना पता है कि काशी हमारे लिए एक रिचार्जिंग सेंटर है।
मनोज तिवारी ने खुद से कंपोज कियए हुए हर हर महादेव… गीत की प्रस्तुति दी तो दर्शक दोनों हाथ उठाकर महादेव की भक्ति संगीत में लीन हो गए। इसके बाद ”ए राजा जी एकरा के…, सूरीनाम यात्रा का किस्सा सुनाते हुए तोर मोर लावा मिलाए सखी…, कनवा में सोहे वाली…, शीतला घाट पे काशी में…, बगल वाली जान मारेली…, जिया हो बिहार के लाला… गाकर श्रोताओं को खूब झूृमाया। अब मेरी अंग्रेजी ठीक हो गई है, इस पर भी श्रोताओं ने खूब ठहाके लगाए। प्रस्तुति से पहले मंच पर दीपक मधोक और उनकी पत्नी समेत पूरे परिवार ने स्वागत किया।
राजेंद्र प्रसन्ना ने बांसुरी बजाकर सुनाया बनारसी दादरा
वाराणसी। बनारस लिट फेस्ट में प्रख्यात बांसुरी वादक पं. राजेंद्र प्रसन्ना ने बांसुरी बजाकर बनारसी दादरा सुनाया। राग शुद्ध सारंग से बांसुरी वादन किया। यह रागधारा कभी एक ताल की गंभीरता में ठहरी, तो कभी द्रुत तीन ताल की चपल चाल में लहराई। बनारसी दादरा को बांसुरी में पिरोया तो खूब तालियां बजीं। हर तरह की लयकारी निकलती रही। बांसुरी पर डॉ. राकेश कुमार और प्रांजल सिंह की सधी हुई संगत भी रही। तबले पर सिद्धार्थ चक्रवर्ती ने संगत की। फेस्टिवल के अध्यक्ष दीपक मधोक और बनारस घराने के प्रख्यात शास्त्रीय गायक पद्मविभूषण पं. साजन मिश्र भी इस नाद-यात्रा में रहे।
AmbedkarNagar News: हरियाणा में मिली लापता युवती… पुलिस ने आरोपी को किया गिरफ्तार; भेजा गया जेल
यूपी के अंबेडकरनगर में पुलिस ने करीब 18 दिन बाद लापता युवती को ढूंढ लिया है। वह हरियाणा में मिली है। साथ ही आरोपी अनुज यादव को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने युवती का मेडिकल परीक्षण कराया गया है।हंसवर थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी ने बीती 13 जनवरी को थाने में शिकायती पत्र दिया। इसमें बताया था कि उनकी 19 वर्षीय बेटी घर से संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गई है। काफी तलाश के बाद उन्होंने अनुज यादव उर्फ शुभम यादव निवासी पंजूपुर कुर्की बाजार सम्मनपुर पर पुत्री को बहला-फुसलाकर साथ ले जाने का आरोप लगाया था। मामले में पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू की थी। सीडीआर की जांच में लोकेशन हरियाणा में मिली। इस पर हंसवर थाने की एक टीम हरियाणा पहुंची। वहां शुक्रवार को युवती को ढूंढने में सफलता हासिल की। साथ ही आरोपी को भी गिरफ्तार किया। वापस आकर टीम ने युवती को मेडिकल परीक्षण कराया गया है।
थाना प्रभारी बीरेंद्र बहादुर सिंह ने बताया कि युवक को जेल भेज दिया गया है। युवती का मेडिकल परीक्षण और मजिस्ट्रेट के समक्ष बयान दर्ज कराने की प्रक्रिया चल रही है। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
किशोर मन पर भारी पड़ी डांट: रायबरेली में घर छोड़कर चला गया बेटा, अब मां की आंखों में इंतजार; मोबाइल बना कारण
यूपी के रायबरेली में मोबाइल चलाने से मना करने पर किशोर घर छोड़कर चला गया। परिजनों ने उसकी खोजबीन की, लेकिन कुछ पता नहीं चला। शनिवार को मां ने थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई है। मामला नसीराबाद इलाके के कांटा गांव का है। गांव की रहने वाली राजकली ने बताया कि 22 जनवरी को उनका बेटा मोहित (14) मोबाइल चला रहा था। इसी बात को लेकर उसे फटकार लगा दी गई। इससे नाराज मोहित घर से निकल गया। मां ने बताया कि वह बेटे को समझाने और वापस लाने के लिए उसके पीछे गांधीनगर चौराहे तक गई। लेकिन, वहां से मोहित किसी व्यक्ति की बाइक पर बैठकर चला गया। तब से घर वापस नहीं आया। थानाध्यक्ष पवन कुमार सोनकर ने बताया कि गुमशुदगी दर्ज कर तलाश की जा रही है।
यूपी: 11वां वेटलैंड ‘रामसर साइट’ बना, दुनिया के नक्शे में शामिल एटा का पटना पक्षी विहार; पीएम ने दी बधाई
एटा का पटना पक्षी विहार अब विश्व के नक्शे पर शामिल हो चुका है। पटना पक्षी विहार अब रामसर साइट घोषित कर दिया गया है। उत्तर प्रदेश का 11वां वेटलैंड है। जिसे रामसर साइट में शामिल किया गया है। इससे न केवल प्रदेश की जैव विविधता बल्कि पूरे देश के पर्यावरण संरक्षण के प्रयासों को नई मजबूती मिली है। पक्षी विहार में अब तक 178 पक्षी प्रजातियां और 252 वनस्पतियों की प्रजातियां दर्ज की जा चुकी हैं।
4 लाख रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा गया पुलिस इंस्पेक्टर; फिर किया भयंकर ड्रामा, जोर-जोर से चिल्लाने लगा अधिकारी
लखनऊ के मदेयगंज के खदरा में किन्नर से शादी रचाने का आरोपी उनके गहने और नकदी लेकर भाग निकला। आरोपी के घरवालों ने भी किन्नर को धमकी दी। कोर्ट के आदेश पर मदेयगंज पुलिस ने पांच नामजद व अन्य अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।खदरा निवासी किन्नर सानिया ने बताया कि दो साल पहले विकासनगर के मारूफ ने उनसे शादी की थी। दोनों साथ में रहते थे। 21 जनवरी को सुबह करीब नौ बजे वह जब काम पर निकलीं तो उनके पास अनजान नंबर से कॉल आई। फोनकर्ता ने सानिया से कहा कि मारुफ उन्हें धोखा दे रहा है। वह किसी और से निकाह कर रहा है और विदेश भागने की फिराक में है। यह सुन सानिया दंग रह गईं।उन्होंने आनन-फानन अपने मकान मालिक को कॉल की तो वह मोबाइल स्विच ऑफ जाने लगा। वह घर पहुंचीं तो पता चला कि मारूफ अपना सामान दो लाख रुपये और लाखों के गहने लेकर भाग चुका था। सानिया ने बताया कि मारूफ पहले भी ऐसे ही भाग चुका था। मगर, थाने में शिकायत करने पर वह दोबारा साथ में रहने के लिए राजी हो गया था।
पीड़िता का आरोप है कि जब उन्होंने मारूफ के घरवालों से बात करनी चाही तो उन्होंने गाली-गलौज और अभद्रता की। इंस्पेक्टर मदेयगंज के मुताबिक मामले की तफ्तीश की जा रही है।
Lucknow: किन्नर से शादी रचाकर गहने और नकदी लेकर भागा युवक, पहले भी फरार हो चुका है आरोपी
Viral Dog Video : विदेश में नई जिंदगी बसाने का सपना देखने वाले कई लोग अक्सर अपने करीबियों से दूर हो जाते हैं, लेकिन हैदराबाद के एक भारतीय कपल ने यह साबित कर दिया कि परिवार सिर्फ इंसानों तक सीमित नहीं होता। इस कपल ने अपने पालतू डॉग को भारत से ऑस्ट्रेलिया लाने के लिए करीब 15 लाख रुपये खर्च किए, जिसका वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
सीधे ऑस्ट्रेलिया ले जाना संभव नहीं (Viral Dog Video)
वायरल वीडियो इंस्टाग्राम अकाउंट ‘kahaanioftails’ से साझा किया गया है। वीडियो में कपल ने बताया कि वे हैदराबाद से ऑस्ट्रेलिया शिफ्ट होने की तैयारी कर रहे थे, लेकिन उन्हें पता चला कि भारत से किसी पालतू जानवर को सीधे ऑस्ट्रेलिया ले जाना संभव नहीं है। नियमों के अनुसार, डॉग को कम से कम छह महीने तक किसी रेबीज-मुक्त देश में रखना जरूरी था।
छह महीने तक दुबई में रहा डॉग
इस प्रक्रिया के तहत कपल ने दुबई को चुना और वहां अपने डॉग स्काई के लिए बोर्डिंग सुविधा की व्यवस्था की। शुरुआती एक महीने तक वे खुद भी स्काई के साथ दुबई में रहे ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि वह सुरक्षित है। इसके बाद उन्हें मजबूरी में स्काई को वहीं छोड़ना पड़ा, जो उनके लिए बेहद भावनात्मक पल था।
वीडियो कॉल के जरिए लिया हाल-चाल
कपल ने बताया कि छह महीनों तक वे लगातार स्काई से जुड़े रहे, वीडियो कॉल के जरिए उसका हाल-चाल लेते रहे और हर अपडेट का इंतजार करते रहे। आखिरकार जब स्काई ऑस्ट्रेलिया पहुंचा तो उनकी सारी चिंता और थकान खत्म हो गई। कपल का कहना है कि पैसा दोबारा कमाया जा सकता है, लेकिन प्यार का कोई विकल्प नहीं होता। उनके लिए स्काई सिर्फ एक पालतू जानवर नहीं बल्कि परिवार का सदस्य है।
सोशल मीडिया यूजर्स हुए भावुक
इस वीडियो को देखकर सोशल मीडिया यूजर्स भी भावुक हो गए हैं और कपल की जमकर तारीफ कर रहे हैं। एक यूजर ने लिखा कि स्काई बेहद भाग्यशाली है जिसे ऐसे जिम्मेदार और प्यार करने वाले लोग मिले। दूसरे यूजर ने अपने अनुभव साझा करते हुए लिखा कि उनका डॉग भी भारत से ब्रिटेन तक लंबा सफर तय करके आया और उसके बिना जिंदगी की कल्पना नहीं की जा सकती। वहीं एक अन्य यूजर ने कहा कि अगर कभी विदेश जाने के लिए अपने पालतू को छोड़ना पड़े, तो वे विदेश जाना ही नहीं चुनेंगे।
होली की तारीख पर सस्पेंस खत्म! इस वजह से 2 मार्च को होलिका दहन, 4 मार्च को खेली जाएगी रंगों की होली
Varanasi News: इस साल होली के पर्व की तारीख को लेकर लोगों में भ्रम की स्थिति बनी हुई थी। इसकी बड़ी वजह 3 मार्च 2026 को पड़ने वाला चंद्रग्रहण है। ज्योतिषीय गणनाओं और शास्त्रीय मान्यताओं के आधार पर अब स्पष्ट किया गया है कि होलिका दहन 2 मार्च को किया जाएगा, जबकि रंगों की होली 4 मार्च 2026 को मनाई जाएगी।
2 मार्च की रात होगा होलिका दहन
ज्योतिषाचार्य पंडित दैवज्ञ कृष्ण शास्त्री के अनुसार, फाल्गुन शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी तिथि 2 मार्च 2026 को पड़ रही है। शास्त्रों के अनुसार होलिका दहन भद्रा समाप्त होने के बाद या भद्रा पुच्छ काल में करना शुभ माना जाता है। उन्होंने बताया कि इस बार होलिका दहन का सबसे उत्तम मुहूर्त रात 12:50 बजे से 2:02 बजे के बीच रहेगा। इसी समय विधि-विधान से होलिका दहन करना शुभ फलदायक होगा।
3 मार्च को चंद्रग्रहण, इसलिए उस दिन नहीं खेली जाएगी होली
3 मार्च 2026 को फाल्गुन पूर्णिमा के दिन चंद्रग्रहण लग रहा है। जानकारी के अनुसार, चंद्रग्रहण की शुरुआत: दोपहर 3:20 बजे, चंद्रग्रहण मोक्ष: शाम 6:47 बजे, चंद्रोदय: शाम 5:59 बजे। क्योंकि ग्रहण चंद्रोदय से पहले शुरू हो जाएगा, इसलिए भारत में इसका पूरा दृश्य नहीं दिखेगा, केवल मोक्ष काल दिखाई देगा। ग्रहण के कारण सुबह 6:20 बजे से सूतक काल भी शुरू हो जाएगा, जिसे धार्मिक कार्यों के लिए अशुभ माना जाता है।
4 मार्च को मनाई जाएगी रंगों की होली
ज्योतिषाचार्य पंडित वेद प्रकाश मिश्रा के अनुसार, परंपरा में होलिका दहन रात में होता है और अगले दिन रंगोत्सव मनाया जाता है। लेकिन इस बार 3 मार्च को ग्रहण और सूतक काल होने की वजह से उस दिन रंग खेलना उचित नहीं माना गया है। इसी कारण पूरे देश में रंगों की होली 4 मार्च 2026 को मनाई जाएगी।
ग्रहण के बाद होंगे धार्मिक आयोजन
ज्योतिषियों के अनुसार, ग्रहण समाप्त होने के बाद 3 मार्च को चौसठ्ठी देवी यात्रा और पूजन किया जाएगा। शास्त्रों के अनुसार, 4 मार्च को होली खेलना ही धार्मिक रूप से सही और मान्य माना जा रहा है।

