Sunday, February 15, 2026
Home Blog Page 56

फर्रुखाबाद क्रिकेट टूर्नामेंट में लगाया जा रहा सट्टा ,

0

फर्रुखाबाद – क्रिकेट टूर्नामेंट में लगाया जा रहा सट्टा , टूर्नामेंट में सट्टा लगाने का वीडियो वायरल, फर्रुखाबाद, अलीगढ़,अमरोहा के बीच टूर्नामेंट, एसएनएम इंटर कॉलेज कायमगंज का मामला

देवरिया अवैध मजार पर बुलडोजर एक्शन

0

देवरिया – अवैध मजार पर बुलडोजर एक्शन मामला, तत्कालीन मजार कमेटी के सदर पर FIR, सदर शहाबुद्दीन सजक के खिलाफ FIR दर्ज, तत्कालीन नायब सदर इरशाद अहमद पर FIR , तत्कालीन नाजिम मुबारक अली पर केस दर्ज, तत्कालीन नायब नाजिर अख्तर वारसी पर केस , तत्कालीन कानूनगो राधेश्याम उपाध्याय पर केस , तत्कालीन लेखपाल रामानुज सिंह पर केस दर्ज, छेड़छाड़ कर के मजार का नाम दर्ज किया गया, सदर तहसील के लेखपाल ने दर्ज कराया मुकदमा, FIR दर्ज होने में हैरान कर देने वाली बात , तत्कालीन नाजिम मुबारक अली की हो चुकी मौत, तत्कालीन नायब नजीर अख्तर वारसी का हो चुका निधन

माघ मेला 2026 : मुलायम सिंह यादव सेवा स्मृति शिविर में विवाद, सपा नेता ने मेला प्रशासन पर उठाए गंभीर सवाल

0

प्रयागराज: महाकुंभ 2025 के सबसे चर्चित शिविरों में से एक मुलायम सिंह यादव सेवा स्मृति शिविर इस बार विवादों में घिर गया है।सपा नेता संदीप यादव ने पंजाब केसरी से खास बातचीत में मेला प्रशासन पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि प्रशासन ने इस बार शिविर में मुलायम सिंह यादव की मूर्ति लगाने की अनुमति नहीं दी। जिससे शिविर की परंपरागत पहचान प्रभावित हुई है।

संदीप यादव ने बताया कि प्रशासन द्वारा कल्पवासियों को बांटे जाने वाले दूध तक को मेटल डिटेक्टर से चेक कराया जा रहा है। जिससे व्यवस्थाओं में अनावश्यक कठिनाई पैदा हो रही है। उनका आरोप है कि सपा द्वारा मेला क्षेत्र में किए जा रहे सामाजिक और सेवा कार्यों को भी प्रशासन रोक रहा है।

उन्होंने बताया कि इस बार मुलायम सिंह यादव की मूर्ति की जगह कृष्ण और राधा की मूर्ति स्थापित की गई है। सपा नेता संदीप यादव ने इसे प्रशासन की जानबूझकर की गई सियासी कार्रवाई बताया। उनका कहना है कि इससे न केवल शिविर की परंपरा प्रभावित हुई है, बल्कि सामाजिक कार्यों और श्रद्धालुओं की सुविधाओं पर भी असर पड़ा है। आगे संदीप यादव ने कहा, “हमारा उद्देश्य केवल समाज सेवा और श्रद्धालुओं की सुविधा सुनिश्चित करना है, लेकिन प्रशासन की वर्तमान नीति से यह मुश्किल हो गया है।

उन्होंने कहा कि व्यवस्था, अनुमति और सुविधाओं को लेकर स्पष्ट दिशा-निर्देश नहीं दिए गए हैं। जिससे कल्पवासियों और शिविर कर्मचारियों को परेशानी हो रही है। फिलहाल इस विवाद से यह भी स्पष्ट होता है कि महाकुंभ 2025 केवल धार्मिक आयोजन नहीं रह गया है,,,बल्कि इसमें राजनीतिक हस्तक्षेप और सियासी जद्दोजहद भी देखने को मिल रही है।

Widow Property Rights : क्या ससुर की संपत्ति से विधवा बहू मांग सकती है गुजारा भत्ता, जानें क्या कहती है कोर्ट?

0

Widow Property Rights: देश की सर्वोच्च अदालत ने विधवा महिलाओं के अधिकारों को लेकर एक बेहद संवेदनशील और ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। सुप्रीम कोर्ट ने प्राचीन भारतीय ग्रंथों और आधुनिक कानून का मेल करते हुए स्पष्ट किया है कि एक विधवा बहू का अपने ससुर की संपत्ति पर भरण-पोषण (Maintenance) का कानूनी अधिकार है। जस्टिस पंकज मित्तल और जस्टिस एसवीएन भट्टी की पीठ ने फैसले के दौरान ‘मनुस्मृति’ के नैतिक सिद्धांतों का उल्लेख करते हुए समाज को कड़ा संदेश दिया है।

मनुस्मृति का हवाला: अपनों को छोड़ना दंडनीय अपराध

अदालत ने फैसले के दौरान प्राचीन ग्रंथ मनुस्मृति के एक श्लोक का जिक्र किया। कोर्ट ने कहा कि शास्त्रों में स्पष्ट है कि माता, पिता, पत्नी और पुत्र को कभी भी अकेला नहीं छोड़ना चाहिए। जो व्यक्ति समर्थ होने के बावजूद अपनों को बेसहारा छोड़ता है वह दंड का पात्र है। कोर्ट ने इसी सिद्धांत को हिंदू दत्तक ग्रहण एवं भरण-पोषण अधिनियम 1956 के साथ जोड़कर देखा। पीठ ने कहा कि ससुर की यह नैतिक और धार्मिक जिम्मेदारी है कि वह अपने पुत्र की मृत्यु के बाद विधवा बहू का ख्याल रखे।

भेदभाव का तर्क पूरी तरह असंवैधानिक

इस मामले में एक अजीबोगरीब कानूनी पेच फंसाया गया था। याचिकाकर्ता का तर्क था कि यदि बहू ससुर के जिंदा रहते विधवा होती है, तभी उसे गुजारा भत्ता मिलना चाहिए। यदि ससुर की मृत्यु के बाद पति की मौत होती है, तो बहू हकदार नहीं है।

सुप्रीम कोर्ट ने इस दलील को खारिज करते हुए कहा:

  1. मनमाना भेदभाव: पति की मृत्यु के समय के आधार पर विधवा बहुओं को दो श्रेणियों में बांटना पूरी तरह से तर्कहीन और असंवैधानिक है।
  2. समान अधिकार: चाहे पति की मौत ससुर के जीवनकाल में हुई हो या बाद में दोनों ही स्थितियों में विधवा बहू को ससुर की विरासत वाली संपत्ति से सम्मानजनक भरण-पोषण पाने का पूरा हक है।

धारा 22: वारिसों की कानूनी मजबूरी

सुप्रीम कोर्ट ने अधिनियम की धारा 22 की व्याख्या करते हुए स्पष्ट किया कि मृतक व्यक्ति की संपत्ति जो भी वारिस प्राप्त करता है उस पर यह कानूनी दायित्व (Liability) है कि वह मृतक पर निर्भर व्यक्तियों (जैसे विधवा बहू) का भरण-पोषण करे। यदि विधवा बहू के पास अपनी आय का कोई साधन नहीं है या उसके मृत पति ने उसके लिए कोई संपत्ति नहीं छोड़ी है तो उसे ससुर की संपत्ति से हिस्सा मिलना अनिवार्य है।

महिलाओं की गरिमा और सुरक्षा सर्वोपरि

अदालत ने भावुक टिप्पणी करते हुए कहा कि यदि कानून की संकीर्ण व्याख्या करके विधवा बहुओं को हक से वंचित किया गया तो वे गरीबी और सामाजिक हाशिए पर धकेल दी जाएंगी। यह महिलाओं की सुरक्षा और गरिमा के लिए गंभीर खतरा होगा। इस फैसले से अब देशभर की उन विधवा महिलाओं को बल मिलेगा जो ससुराल में संपत्ति विवाद या उपेक्षा का सामना कर रही हैं।

Auraiya: रात के सन्नाटे में गूंजी गोलियां, पुलिस मुठभेड़ में दो शातिर गिरफ्तार, एक के पैर में लगी गोली…दो फरार

0

औरैया जिले के दिबियापुर थाना क्षेत्र में मंगलवार रात लगभग तीन बजे पुलिस और बदमाशों के बीच हुई मुठभेड़ में पुलिस ने दो शातिर बदमाशों को गिरफ्तार किया है। इस दौरान पुलिस की जवाबी फायरिंग में एक बदमाश के पैर में गोली लगी, जिसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

क्षेत्राधिकारी औरैया अशोक सिंह ने बताया कि पुलिस टीम मंगलवार रात तीन बजे क्षेत्र में नियमित चेकिंग अभियान चला रही थी। इसी दौरान दो संदिग्ध बाइकों को रोकने का प्रयास किया गया, जिस पर सवार बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की, जिसमें एक बदमाश घायल हो गया।फरार साथियों की तलाश जारी
घायल बदमाश की पहचान फफूंद थाना क्षेत्र के गांव कुतूपुर निवासी शिवम के रूप में हुई है। उसके साथी की पहचान कानपुर के पनकी निवासी हर्ष के तौर पर की गई है। पुलिस ने मौके से दोनों बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया है और उनके पास से दो तमंचे भी बरामद किए हैं। हालांकि, उनके दो अन्य साथी दूसरी बाइक से भागने में सफल रहे, जिनकी तलाश जारी है।

यूपी: यौन शोषण-धर्मांतरण के आरोपी डॉ. रमीज के खातों में हुआ संदिग्ध लेनदेन, विदेश से फंड जुटाने की आशंका

0

यौन शोषण और धर्मांतरण के आरोपी डॉ. रमीज के खाते में संदिग्ध खातों से लाखों के लेनदेन की बात सामने आई है। रमीज के खाते में दिल्ली, आगरा, उत्तराखंड और पीलीभीत समेत कई शहरों से रकम भेजी गई है। आरोपी का पूर्वांचल कनेक्शन भी सामने आया है। जिन खातों से रमीज को रकम भेजी गई थी, उनका ब्योरा पुलिस जुटा रही है।

सूत्रों का कहना है कि यह रकम रमीज को धर्मांतरण गिरोह की ओर से भेजी गई थी। पुलिस अब आरोपी और उसके परिजनों की संपत्ति का ब्योरा जुटा रही है। माना जा रहा है कि रमीज के जरिये धर्मांतरण कराने वाले लोगों को पैसे भिजवाए जाते थे। आरोपी के आतंकी संगठनों से कनेक्शन सामने आने के बाद खुफिया एजेंसियां भी सक्रिय हो गई हैं। यह पता लगाया जा रहा है कि रमीज ने कितनी बार जम्मू कश्मीर की यात्रा की है। आरोपी के नेपाल कनेक्शन भी खंगाले जा रहे हैं। केजीएमयू से भागने के बाद रमीज 16 दिन तक पुलिस की गिरफ्त में नहीं आया। इतने दिनों में वह कितने लोगों के संपर्क में रहा और किन लोगों से मदद ली, इसकी दिशा में भी छानबीन की जा रही है। 

फंड जुटाने की आशंका

बताया जा रहा है कि पुलिस से छिपकर रहने के दौरान आरोपी ने विभिन्न संगठनों से फंड भी जुटाए थे। वह पूर्वांचल में अपने करीबियों के ठिकाने पर ठहरा था। पुलिस बहराइच और बलरामपुर में छांगुर बाबा के करीबियों से पूछताछ की तैयारी कर रही है। पुलिस का कहना है कि आरोपी को संरक्षण देने वालों के बारे में पता लगाया जा रहा है। ऐसे सभी लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी, जिन्होंने रमीज को मदद पहुंचाई है।

गवाह और काजी को नहीं पकड़ सकी पुलिस

धर्मांतरण का दबाव बनाने के आरोपी काजी और गवाह को चौक पुलिस अभी तक गिरफ्तार नहीं कर सकी है। काफी समय बीतने के बाद भी दोनों की गिरफ्तारी नहीं होने से सवाल खड़े हो रहे हैं। आरोपियों के पकड़े जाने के बाद ही गिरोह का पर्दाफाश हो सकेगा। बावजूद इसके पुलिस दोनों को गिरफ्तार करने में नाकाम है। पुलिस का दावा है कि आरोपियों की तलाश की जा रही है। जल्द ही दोनों को पकड़ लिया जाएगा।

यूपी: गलन-ठिठुरन की चपेट में प्रदेश, न्यूनतम तापमान ने बनाया रिकॉर्ड; ये शहर रहे हिल स्टेशन जैसे ठंडे

0

मौसम में उतार-चढ़ाव का सिलसिला जारी है। मंगलवार को कई जिलों में शीत लहर चली। मुजफ्फरनगर में न्यूनतम तापमान 2.1 डिग्री दर्ज किया गया। यह प्रदेश में सबसे ठंडा जिला रहा। दूसरे नंबर पर 2.9 डिग्री तापमान के साथ मेरठ रहा। मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ के गुजरने के बाद हवा की दिशा पुनः परिवर्तित होकर उत्तरी पश्चिमी हो गई है। इससे बीते 48 घंटों के दौरान प्रदेश के ज्यादातर भागों में दिन और रात के तापमान में 2-4 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई है। राजधानी लखनऊ में इस सीजन का सबसे कम तापमान 5.6 डिग्री दर्ज किया गया।

आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कहीं-कहीं न्यूनतम तापमान 4 डिग्री से काफी नीचे चले जाने से मेरठ, मुजफ्फरनगर और बरेली में शीतलहर चली। आगामी 48 घंटों के दौरान इसमें कोई विशेष परिवर्तन नहीं होगा। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के आगरा, अलीगढ़, मेरठ, सहारनपुर, मुरादाबाद एवं रूहेलखंड मंडल के जिलों में कहीं-कहीं आज रात भी शीतलहर के साथ पाला पड़ने की भी संभावना बनी हुई है। यद्यपि इस दौरान पश्चिमी उत्तर प्रदेश के उत्तरी तराई इलाकों व सुदूर दक्षिणी इलाकों में कहीं-कहीं सुबह भोर के समय संभावित घने कोहरे के आसार हैं। लेकिन दिन चढ़ने के साथ तेजी से छंट जाने से दिन में धूप निकलेगी जिससे ठंड से राहत मिलेगी।

18 जनवरी को हो सकती है बारिश

आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि आगामी दो उत्तरोत्तर पश्चिमी विक्षोभों के प्रभाव से प्रदेश के न्यूनतम तापमान में 15 जनवरी से 3-4 दिनों के दौरान 3-5 डिग्री की वृद्धि की संभावना जताई जा रही है। इससे पश्चिमी उत्तर प्रदेश में जारी वर्तमान शीत लहर के दौर से निजात मिल सकती है और कोहरे के क्षेत्रफल व घनत्व में बढ़ोतरी के आसार हैं। हालांकि दिन चढ़ने के साथ कोहरा छंटने से दिन में मौसम खुशगवार रहेगा। उक्त पश्चिमी विक्षोभों के प्रभाव से 18 जनवरी को पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कहीं-कहीं बूंदाबांदी के साथ हल्की बारिश हो सकती है जिसके अगले 2-3 दिनों के दौरान बढ़ने के आसार हैं।

प्रदेश में यह जिले रहे सबसे ठंडे

मुजफ्फरनगर 2.1     
मेरठ 2.9  
बरेली 3
कानपुर 
हरदोई 4.5 
अलीगढ़ 4.8
लखनऊ 5.6 
आगरा 6  

शीत लहर की संभावना वाले जिले

सहारनपुर, शामली, मुजफ्फरनगर, बागपत, मेरठ, गाजियाबाद, हापुड़, गौतमबुद्धनगर, बुलंदशहर, बिजनौर, अमरोहा, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, पीलीभीत, संभल और आसपास।

राजधानी मेंं दर्ज हुआ सीजन का सबसे कम 5.6 डिग्री न्यूनतम तापमान

 मौसम में उतार-चढ़ाव के बीच राजधानी का न्यूनतम तापमान मंगलवार को 5.6 डिग्री दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार, इस सीजन में राजधानी में दर्ज यह सबसे कम न्यूनतम तापमान है। हालांकि, दिन में खिली धूप की वजह से लोगों को ज्यादा परेशानी नहीं महसूस नहीं हुई। बुधवार को भी ऐसा ही मौसम रहने के आसार हैं। दो दिन बाद अधिकतम और न्यूनतम तापमान में बढ़ोतरी हो सकती है।

आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि लखनऊ में इस सीजन का यह सबसे न्यूनतम तापमान रहा, लेकिन इससे पहले के वर्षों में इससे भी कम न्यूनतम तापमान दर्ज किया जा चुका है। उन्होंने बताया कि एक-दो दिन रात बेहद सर्द और दिन में खिली धूप देखने को मिल सकती है।

बृहस्पतिवार देर शाम या शुक्रवार से तापमान में बढ़ोतरी दर्ज होने लगेगी। यह क्रम 5-6 दिन तक जारी रहेगा। अतुल कुमार सिंह के अनुसार, 16 जनवरी से सुबह घने कोहरे के आसार हैं। पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से 18 जनवरी को प्रदेश के कुछ हिस्सों में बूंदाबांदी के साथ हल्की बारिश हो सकती है, लेकिन लखनऊ में इसका प्रभाव शायद ही पड़े। यदि लखनऊ तक पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव हुआ तो 20 जनवरी के बाद बूंदाबांदी या हल्की बारिश देखने को मिल सकती है। मंगलवार को राजधानी में अधिकतम तापमान 21.7 डिग्री दर्ज किया गया जो सामान्य से एक डिग्री अधिक रहा। वहीं, न्यूनतम तापमान 5.6 डिग्री दर्ज किया गया जो सामान्य से 1.5 डिग्री कम रहा।

एक सप्ताह में कुछ ऐसा रहा शहर का न्यूनतम तापमान

UP: The state is gripped by melting and freezing temperatures, with minimum temperatures setting records desp
लखनऊ में ठिठुरते लोग।
13 जनवरी       5.6
12 जनवरी     6.6
11 जनवरी      8.5
10 जनवरी     6.6
9 जनवरी       6.2
8 जनवरी       6.4
7 जनवरी       9.6
(नोट : सभी तापमान डिग्री सेल्सियस में)

UP: गोंडा के यूपी कोऑपरेटिव बैंक में 21 करोड़ रुपये का घोटाला, 16 पर रिपोर्ट दर्ज

0

यूपी कोऑपरेटिव बैंक की गोंडा शाखा में 21 करोड़ 47 लाख 78 हजार रुपये के बड़े घोटाले का राजफाश हुआ है। स्पेशल ऑडिट और आंतरिक जांच की अंतिम रिपोर्ट के आधार पर सोमवार को 16 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। इनमें तीन तत्कालीन शाखा प्रबंधक पवन पाल, अजय कुमार और सुशील कुमार, कैशियर पवन कुमार के अलावा खाताधारक शामिल हैं।स्पेशल ऑडिट रिपोर्ट के अनुसार ऋण वितरण से पहले न तो आवेदकों की पात्रता की जांच की गई और न ही आय प्रमाणपत्र, जमानत मूल्यांकन रिपोर्ट और आवश्यक दस्तावेजों का सत्यापन हुआ। कई मामलों में फर्जी और कूटरचित अभिलेखों के आधार पर ऋण स्वीकृत कर दिए गए। शाखा स्तर पर बैंक नीति और आरबीआई के दिशानिर्देशों को पूरी तरह नजरअंदाज किया गया।

2021 से जून 2025 के बीच का मामला, शाखा प्रबंधकों ने अपने घर वालों के खातों में भेजी राशि
जांच में यह भी उजागर हुआ कि तत्कालीन शाखा प्रबंधकों ने स्वयं के साथ-साथ अपने परिवार के सदस्यों के खातों का भी प्रयोग किया। ऋण वितरण के नाम पर निकाली गई धनराशि को माता, पत्नी और पुत्र के खातों में भेजा गया। यह गड़बड़ी दिसंबर 2021 से जून 2025 के बीच विभिन्न चरणों में हुईं। इस अवधि में अलग-अलग समय पर तैनात रहे शाखा प्रबंधकों व कर्मचारियों की भूमिका भी संदेह के घेरे में पाई गई है। 

ऋण खाते में नौ की जगह 31 लाख दर्शाने में फंसे तत्कालीन प्रबंधक

कोऑपरेटिव बैंक लिमिटेड की गोंडा शाखा में सामने आ रहे घोटालों की कड़ी में एक और गंभीर मामला उजागर हुआ है। एक खाताधारक ने बैंक के तत्कालीन शाखा प्रबंधक और उनके सहयोगियों पर कूटरचना, धोखाधड़ी और जान से मारने की धमकी देने जैसे संगीन आरोप लगाए हैं। न्यायालय के आदेश से कोतवाली नगर में एफआईआर दर्ज की गई है।

एफआईआर के अनुसार शिकायतकर्ता शिवेंद्र द्विवेदी निवासी बहराइच रोड ने बताया कि उन्होंने यूपी कोऑपरेटिव बैंक गोंडा शाखा से मात्र नौ लाख रुपये का होम लोन लिया था। वे नियमित रूप से ऋण की किश्तें भी जमा करते रहे, लेकिन जब कुछ समय बाद उन्होंने अपने ऋण खाते का विवरण निकलवाया, तो वे यह देखकर स्तब्ध रह गए कि उनके खाते में 31 लाख रुपये का ऋण बकाया दर्शाया जा रहा है।

आरोप है कि जब उन्होंने इस भारी अंतर को लेकर बैंक अधिकारियों से आपत्ति दर्ज कराई तो पहले इसे तकनीकी गलती चताते हुए सुधार का आश्वासन दिया गया, लेकिन बाद में कथित रूप से बैंक का रवैया बदल गया। शिवेंद्र ने आरोप लगाया कि तत्कालीन शाखा प्रबंधक पवन पाल सिंह और उनके सहयोगियों ने जान-बूझकर कूटरचित दस्तावेज तैयार कर ऋण खाते में अतिरिक्त राशि जोड़ दी। आरोप है कि शिकायत करने पर धमकी भी दी गई।

शिवेंद्र द्विवेदी ने यह भी बताया कि उन्होंने इस पूरे मामले की शिकायत पहले पुलिस से की थी, लेकिन वहां से कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद उन्होंने न्यायालय की शरण ली। न्यायालय के आदेश पर कोतवाली नगर पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

विभिन्न खातों में ट्रांसफर कर ली गबन की रकम

घोटाले की जांच में पाया गया कि बैंक के पांच आंतरिक खातों से अवैध रूप से 46.13 लाख रुपये डेबिट करके विभिन्न खातों में ट्रांसफर किए गए और बाद में इस धनराशि को निकालकर गबन कर लिया गया। साथ ही खाताधारकों की 2,101.65 लाख रुपये की धनराशि को विभिन्न बैंकिंग चैनलों के माध्यम से स्थानांतरित कर दुरुपयोग किया गया। इस प्रकार कुल 2147.78 लाख रुपये, यानी 21 करोड़ 47 लाख 78 हजार रुपये के गबन की पुष्टि ऑडिट रिपोर्ट में हुई है।

उत्तर प्रदेश स्टेट कोऑपरेटिव बैंक लिमिटेड के सहायक महाप्रबंधक भुवनचंद्र सती ने एसपी को पूरे प्रकरण से अवगत कराया। इसके आधार पर नगर कोतवाली में तीन तत्कालीन शाखा प्रबंधक, सहायक/कैशियर सहित 16 लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी, आपराधिक षड्यंत्र, कूटरचना, विश्वासघात और बैंकिंग नियमों के उल्लंघन से संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज की गई

इनके खिलाफ हुई कार्रवाई
तत्कालीन शाखा प्रबंधक पवन कुमार पाल, अजय कुमार, सुशील गौतम, कैशियर पवन कुमार के अलावा खाताधारक सुमित्रा पाल, संजना सिंह, राज प्रताप सिंह, जय प्रताप सिंह, फूल मोहम्मद, राघव राम, शिवाकांत वर्मा, रितेंद्र पाल सिंह, गीता देवी वर्मा, दुष्यन्त प्रताप सिंह, मोहम्मद असलम और प्रतीक कुमार सिंह।

Live Makar Sankranti 2026 Live: मकर संक्रांति पर माघ मास का दूसरा स्नान, जानें स्नान का शुभ मुहूर्त

0

Makar Sankranti 2026 Wishes Shubh Muhurat Live Updates in Hindi: मकर संक्रांति को लेकर तारीख का कन्फ्यूजन जरूर है, लेकिन असल में 14 और 15 जनवरी दोनों ही दिन यह पर्व मनाया जा सकता है। जो लोग गुरुवार या एकादशी के नियम मानते हैं वे 14 जनवरी को तय समय के बाद पूजा-पाठ और खिचड़ी का दान-सेवन कर सकते हैं, जबकि बाकी लोग 15 जनवरी को भी पूरे विधि-विधान से संक्रांति मना सकते हैं।

रूस का यूक्रेन पर दूसरा बड़ा हमला: 300 ड्रोन व 25 मिसाइलों से मचाई तबाही ! 4 लोगों की मौत व लाख घरों में बिजली गुल

0

International Desk: रूस ने चार दिनों में यूक्रेन पर दूसरा बड़ा ड्रोन और मिसाइल हमला करके उसके बिजली ग्रिड को एक बार फिर निशाना बनाया है। अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी। युद्ध के चार साल पूरे होने वाले हैं और ऐसा लगता है कि अमेरिका के नेतृत्व वाले शांति प्रयासों को रूस नजरअंदाज कर रहा है। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने सोशल मीडिया पर बताया कि रूस ने रात भर में आठ क्षेत्रों पर लगभग 300 ड्रोन, 18 बैलिस्टिक मिसाइलों और सात क्रूज मिसाइलों से हमला किया।

 

जेलेंस्की ने कहा कि पूर्वोत्तर खार्किव क्षेत्र में एक हमले में एक डाक डिपो में चार लोगों की मौत हो गई और कीव क्षेत्र में कई लाख घरों में बिजली गुल हो गई थी। राजधानी में दिन का तापमान शून्य से 12 डिग्री सेल्सियस नीचे दर्ज किया गया था। सड़कें बर्फ से ढकी थीं और शहर जनरेटरों के शोर से गूंज रहा था। चार दिन पहले रूस ने रात भर चले एक बड़े हमले में सैकड़ों ड्रोन और दर्जनों मिसाइलों से हमला किया था। इसके अलावा रूस ने लंबे समय से जारी युद्ध में केवल दूसरी बार एक शक्तिशाली नई हाइपरसोनिक मिसाइल का इस्तेमाल किया, जिसने पश्चिमी यूक्रेन को निशाना बनाया। यह कीव के नाटो सहयोगियों को एक स्पष्ट चेतावनी प्रतीत होती है कि रूस पीछे नहीं हटेगा।

सोमवार को अमेरिका ने रूस पर लड़ाई को ‘खतरनाक और समझ से परे तरीके से तूल’ देने का आरोप लगाया, जबकि ट्रंप प्रशासन शांति वार्ता को आगे बढ़ाने की कोशिश कर रहा है। संयुक्त राष्ट्र में अमेरिकी उप राजदूत टैमी ब्रूस ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की आपातकालीन बैठक में कहा कि वाशिंगटन इस संघर्ष में हुई भारी संख्या में मौतों पर खेद व्यक्त करता है और ऊर्जा एवं अन्य बुनियादी ढांचे पर रूस के बढ़ते हमलों की निंदा करता है। रूस ने कड़ाके की ठंड के महीनों में यूक्रेनी नागरिकों को गर्मी और पीने के पानी से वंचित करने की कोशिश की है, ताकि 24 फरवरी, 2022 को यूक्रेन के खिलाफ शुरू किये गए मॉस्को के पूर्ण युद्ध के प्रति जनता के प्रतिरोध को कम किया जा सके।

 

स्थानीय अधिकारियों ने बताया कि यूक्रेन के खार्किव क्षेत्र में रूसी हमले में 10 लोग घायल हुए हैं। क्षेत्रीय सैन्य प्रशासन के प्रमुख ओलेह किपर ने बताया कि ओडेसा शहर में हुए रूसी हमले में छह लोग घायल हो गए। उन्होंने बताया कि हमले में ऊर्जा अवसंरचना, एक अस्पताल, एक शैक्षणिक संस्थान और कई आवासीय इमारतें क्षतिग्रस्त हो गईं। इस बीच, रूस के रक्षा मंत्रालय ने मंगलवार को बताया कि रूसी वायुसेना ने रातभर में 11 यूक्रेनी ड्रोन मार गिराए। बताया जाता है कि इनमें से सात ड्रोन रूस के रोस्तोव क्षेत्र में नष्ट किए गए, जहां गवर्नर यूरी स्लयूसर ने तटीय शहर तागानरोग पर हमले की पुष्टि की।