रामबन। रामबन जिले की खड़ी तहसील के दूरदराज महु इलाके में शुक्रवार दोपहर आग लगने से मदरसा मसीह-उल-उलूम की दो मंजिला इमारत जलकर राख हो गई।
आग इतनी तेजी से फैली कि स्थानीय लोगों, पुलिस और सेना के जवानों के प्रयासों के बावजूद इमारत को बचाया नहीं जा सका। महु में अग्निशमन केंद्र नहीं होने के कारण आग बुझाने में परेशानी हुई। गनीमत रही कि हादसे में कोई हताहत नहीं हुआ।
कब हुआ हादसा?
जानकारी के मुताबिक शुक्रवार दोपहर करीब साढ़े तीन बजे मदरसे की इमारत में अचानक आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और पूरी इमारत को अपनी चपेट में ले लिया। आग की लपटें उठती देख आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और आग बुझाने के प्रयास शुरू कर दिए। स्थानीय पुरुषों और महिलाओं ने भी आग पर काबू पाने की कोशिश की।
सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस
सूचना मिलने पर महु पुलिस चौकी के पुलिसकर्मी फुलैल सिंह के नेतृत्व में मौके पर पहुंचे। सेना के जवान और खड़ी के क्यूआरटी स्वयंसेवक भी आग बुझाने में जुट गए। सभी ने आग को आसपास के रिहायशी मकानों तक फैलने से रोकने के प्रयास किए।
सूचना मिलने पर बनिहाल से दमकल वाहन रवाना किया गया, लेकिन उसके घटनास्थल पर पहुंचने से पहले ही आग पूरी इमारत को अपनी चपेट में ले चुकी थी। दमकल वाहन के पहुंचने तक मदरसे की इमारत जलकर राख हो गई थी।
कैसे हुआ हादसा?
प्रारंभिक जांच और स्थानीय लोगों के अनुसार, आग लगने का संभावित कारण बिजली का शार्ट सर्किट माना जा रहा है। हालांकि, वास्तविक कारणों की पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस ने आग लगने के कारणों का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी है।


